मसूरी – उत्तरकाशी के धराली में आपदा के राहत और बचाव कार्य में जहां राज्य सरकार, केन्द्र सरकार की तमाम एजेंसीयां, सेना, वायुसेना, अर्धसैनिक बल, राज्य पुलिस, एसडीआरएफ, एनडीआरएफ घटना स्थल से घायलों व वहां फंसे अन्य लोगों को बाहर निकलने में जुटी है वही, मसूरी स्थित सर जॉर्ज एवरेस्ट हिमालय दर्शन एयर सफारी हेली सेवा भी बचाव एवं राहत कार्य में अपनी अहम भूमिका निभा रहा है।

इस बारे में राजस एयरोस्पोर्ट्स एवं एडवेंचर्स प्राइवेट लिमिटेड के एमडी मनीष सैनी ने बताया कि आपदा की इस घड़ी में पूर्व की भांति हम संकट के समय में राज्य सरकार के साथ खड़े हैं। इसके दृष्टिगत हमारे सभी पायलट अवकाश होने के बाद भी अपने ड्यूटी पर लौटे और अपना पूरा कार्य करने में जुटे रहे। उन्होंने बताया कि हम सभी आपदा प्रबंधन एजेंसीयों के साथ समन्वय बनाकर कार्य कर रहे हैं।
उन्होंने बताया कि राज्य सरकार और प्रशासन के नेतृत्व में चल रहे इस समन्वित अभियान में, एयर सफारी के हेलीकॉप्टरों को तत्काल निर्देश पर तैनात किया गया ताकि बाढ़ और भूस्खलन से प्रभावित क्षेत्रों से फंसे हुए तीर्थयात्रियों और स्थानीय नागरिकों को सुरक्षित निकाला जा सके। दुर्गम भू-भाग, ऊँचाई और लगातार प्रतिकूल मौसम के बीच, हमारे पायलटों और ग्राउंड क्रू ने असाधारण साहस, सटीकता और पेशेवर क्षमता का प्रदर्शन किया, यह सुनिश्चित करते हुए कि हर मिशन राज्य के निर्देशों के अनुरूप और पूरी सुरक्षा के साथ संपन्न हो।
एयर सफारी ने न केवल इस बार, बल्कि पिछले वर्षों में भी कई बार आपदा के समय आगे आकर बचाव अभियानों में सक्रिय भागीदारी की है — चाहे वह कठिन पर्वतीय इलाकों में राहत पहुँचाना हो, अचानक आई प्राकृतिक आपदा में फंसे लोगों को बचाना हो या आपातकालीन परिस्थितियों में प्रशासन को त्वरित हवाई सहयोग देना हो। इस बार भी, उसी परंपरा और प्रतिबद्धता को निभाते हुए, एयर सफारी सबसे पहले आगे आया और अपने हर संसाधन और मानवबल को सेवा में झोंक दिया।
